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डीएम ने अधिकारियों के साथ की समीक्षा बैठक, नागरिकों से डिजिटल भागीदारी की अपील।

बस्ती। भारत सरकार द्वारा ‘डिजिटल इंडिया’ अभियान के तहत जनगणना-2027 के लिए पहली बार ‘स्व-गणना’ (Self Enumeration) की सुविधा शुरू की जा रही है। जनपद बस्ती में यह प्रक्रिया 07 मई 2026 से प्रारंभ होगी। इसकी तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी कृत्तिका ज्योत्स्ना ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

बैठक में जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जनपद के प्रत्येक नागरिक तक इस डिजिटल सुविधा की जानकारी पहुंचाई जाए तथा अधिक से अधिक लोगों को स्व-गणना के लिए प्रेरित किया जाए। उन्होंने कहा कि स्व-गणना से न केवल आंकड़ों की शुद्धता बढ़ेगी, बल्कि आमजन और प्रगणकों दोनों के समय की भी बचत होगी।

जिलाधिकारी ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देशित किया कि वे अपने विभाग के कर्मचारियों के साथ स्वयं भी स्व-गणना करें। साथ ही सभी चार्ज अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि 07 मई को जनप्रतिनिधियों, सेवानिवृत्त अधिकारियों और गणमान्य व्यक्तियों की स्व-गणना सुनिश्चित कराई जाए।

बैठक में विभिन्न विभागों को विशेष जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं—

जिला पंचायत राज अधिकारी (DPRO) को ग्राम प्रधानों, सचिवों और पंचायत सहायकों के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को स्व-गणना से जोड़ने के निर्देश दिए गए।

बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) एवं जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) को विद्यालयों, इंटर कॉलेजों और डिग्री कॉलेजों में सामूहिक स्व-गणना अभियान चलाने को कहा गया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) को सभी सीएचसी, पीएचसी और जिला अस्पतालों में कर्मचारियों की स्व-गणना कराने के निर्देश दिए गए।

जिला कार्यक्रम अधिकारी (DPO) को आंगनबाड़ी केंद्रों पर सामूहिक स्व-गणना कराने को कहा गया।

जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) को सभी कोटेदारों की स्व-गणना सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए।

सभी एसडीएम और बीडीओ को तहसीलों एवं ब्लॉकों में कर्मचारियों के साथ स्व-गणना कराते हुए आमजन को भी जागरूक करने को कहा गया।

स्व-गणना की प्रक्रिया और मुख्य विशेषताएं

नागरिक घर बैठे अपनी और अपने परिवार की जानकारी ऑनलाइन भर सकेंगे। इसके लिए आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर लॉगिन करना होगा।

बस्ती जनपद में पोर्टल 07 मई 2026 से सक्रिय होगा।

नागरिकों को 21 मई 2026 तक अपनी जानकारी दर्ज करने की सलाह दी गई है।

मोबाइल नंबर और परिवार के मुखिया के नाम के माध्यम से OTP आधारित पंजीकरण किया जाएगा।

यह सुविधा हिंदी और अंग्रेजी सहित 16 भाषाओं में उपलब्ध रहेगी।

फॉर्म में मकान, बिजली, पानी, शौचालय और संपत्ति सहित कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे।

‘SE ID’ होगी महत्वपूर्ण

जिलाधिकारी ने बताया कि फॉर्म सफलतापूर्वक जमा होने के बाद प्रत्येक परिवार को एक विशिष्ट ‘Self Enumeration ID (SE ID)’ प्राप्त होगी। प्रगणक जब सत्यापन के लिए घर पहुंचेंगे, तब नागरिकों को केवल यह आईडी दिखानी होगी और दोबारा पूरी जानकारी देने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

जनता से सहयोग की अपील

जिलाधिकारी कृत्तिका ज्योत्स्ना ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि डिजिटल जनगणना देश के भविष्य की योजनाओं और विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी नागरिकों से निर्धारित समय सीमा के भीतर स्व-गणना पूरी कर राष्ट्र निर्माण में सहभागी बनने का आह्वान किया।


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